चंडीगढ़। हरियाणा की बड़ोदा सीट से विधायक और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता श्रीकृष्ण हुड्डा का रविवार को निधन हो गया। वह‍ पिछले कुछ दिनों से गंभीर रूप से बीमार चल रहे थे और उनका दिल्ली के एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा था। वे कुछ समय से वेंटिलेटर पर थे।

न्यूज एजेंसी भाषा के अनुसार, श्रीकृष्ण हुड्डा रोहतक के गांव खिड़वाली के रहने वाले थे। हुड्डा पिछले तीन बार से बड़ोदा से कांग्रेस के विधायक थे। मौजूदा विधानसभा में वह वरिष्ठतम सदस्यों में शामिल थे। साल 2019 के अपने आखिरी विधानसभा चुनाव में उन्‍होंने भाजपा प्रत्‍याशी और मशहूर अंतरराष्‍ट्रीय पहलवान योगश्‍वर दत्त को हराया था। उन्‍होंने एक चुनाव में हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा को भी हराया था।

हुड्डा का राजनीतिक सफर

हुड्डा ने पंचायत सदस्य के रूप में अपना पाॅलिटिकल करियर शुरू किया था और दो बार सरपंच चुने गए। वे 5 बार विधानसभा चुनाव जीते जिसमें से तीन बार उन्होंने गढ़ी सांपला किलोई से जीत दर्ज की, जबकि दो बार बड़ोदा से। साल 2005 में उन्होंने भारतीय राष्ट्रीय लोक दल छोड़कर कांग्रेस का हाथ थामा था।

बड़ोदा को INLD का गढ़ माना जाता है। पार्टी यहां पर 1977 से लेकर 2005 तक एक भी चुनाव नहीं हारी। साल 2008 तक ये सीट आरक्षित रही। इस पर जाट ब्राह्मणों और फिर दलितों का दबदबा रहा। इस इलाके का नाम बड़ोदा गांव के नाम पर रखा गया।