शिमला। कोरोना महामारी के इस मुश्किल दौर में एक पुलिसवाले ने इंसानियत की मिसाल पेश की है। ये घटना है हैदराबाद की। जहां इंस्पेक्टर लक्ष्मीनारायण रेड्डी ने न केवल एक शख्स की जान बचाई बल्कि उसके इलाज का खर्च भी अपनी जेब से दिया।

ये है मामला

बात 16 अप्रैल की है। कुकटपल्ली डिविजन स्थित कोविड 19 कंट्रोल रूम में एक कॉल आई। एक व्यक्ति बहुत तेज दर्द से कराह रहा था और उसे तुरंत स्वास्थ्य सुविधा चाहिए थी। कंट्रोल रूम ने मामला कुकटपल्ली थाने को रेफर किया। इंस्पेक्टर लक्ष्मीनारायण रेड्डी के पास जब ये मामला आया तो वे फौरन ललित कुमार नाम के शख्स के पास पहुंचे। ललित हिमाचल का रहने वाला है और लॉकडाउन के कारण वहां फंसा हुआ है।

ललित को अपेंडिक्स का दर्द हो रहा था और उन्हें तुरंत स्वास्थ्य सुविधा चाहिए था, लेकिन पैसों के अभाव में काफी परेशान था। ये बात पता चलते ही इंस्पेक्टर लक्ष्मीनारायण ने न केवल ललित को अस्पताल में भर्ती कराया बल्कि इलाज पर 20 हजार रुपये का जो खर्च आया वो भी अपनी जेब से दिया।

इस बात का पता चलने पर हिमाचल के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने खुद इंस्पेक्टर लक्ष्मीनारायण रेड्डी को फोन कर धन्यवाद दिया। सीएम ने एक लेटर भेजकर उन्हें थैंक्यू कहा। लेटर में लिखा है कि कोविड 19 के खिलाफ लड़ाई में शामिल लोगों के लिए आप प्रेरणा हैं। आपका शुक्रिया।

लक्ष्मीनारायण रेड्डी ने कहा, उन्होंने सिर्फ पुलिस कमिश्नर वीसी सज्जनार के आदेश का पालन किया है। वे हर मीटिंग में कहते हैं राज्य में रहने वाले हर व्यक्ति की जान कीमती है। पुलिस कमिश्नर वीसी सज्जनार ने भी लक्ष्मीनारायण रेड्डी के इस नेक काम की तारीफ की है। साइबराबाद पुलिस ने अपने अधिकारिक ट्विटर हैंडल पर पुलिस इंस्पेक्टर द्वारा किए गए नेक कार्य और मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर द्वारा भेजे गए लेटर की जानकारी साझा की।

मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने भी जवाब देते हुए लिखा है कि ‘इस सराहनीय कार्यं के लिए तेलंगाना पुलिस के इस अधिकारी की जितनी सराहना की जाए उतनी कम है। कोविड के इस दौर में देशभर में सभी फ़्रंटलाइन वॉरियर्स सराहनीय कार्य कर रहे हैं अतः हमें इन सभी योद्धाओं का धन्यवाद करना चाहिए एवं प्रशासन को अपना पूरा सहयोग देते हुए इस महामारी से लड़ना है।’